\n\n

बसों में पैनिक बटन निकले कबाड़, ₹15 के बटन के लिए 25 हजार तक की ‘वसूली’; संसद कमेटी की रिपोर्ट में खुलासा – Jagran

संसदीय समिति को बस ऑपरेटरों ने बताया कि बसों में लगे आपातकालीन अलर्ट बटन बेकार पड़े हैं क्योंकि उन्हें जवाब देने के लिए कोई समर्पित केंद्र नहीं है। इन बटनों की जांच के लिए ऑपरेटरों को भारी शुल्क देना पड़ता है, जबकि मंत्रालय इन्हें फिर से सक्रिय करना चाहता है और ऑपरेटर इन्हें हटाना चाहते हैं।

स्रोत: Jagran | पूरी खबर यहां पढ़ें

Comments

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

\n
\n\n\n